trending now

लखनऊ हिंदी दैनिक‘आज’ के वरिष्ठ संवादाता कल्याण सिंह ने खुद को गोली मारी

कमल नाथ होंगे मध्यप्रदेश के नए मुख्यमंत्री

अब जेल में ही बीतेगी बाकी उम्र, हत्या के एक और मामले में रामपाल को उम्र कैद की सजा

नहीं रहे गंगा के असली पुत्र जीडी अग्रवाल गंगा को बचाने के लिए 111 दिनों से कर रहे थे अनशन

भीड़ तन्त्र में कोई भी सुरक्षित नहीं हरियाणा DIG की हुई पिटाई

Total Visitors : 152

ऑपरेशन कराने वाले 40 मरीजों को रोहतक पीजीआई रेफर किया गया . ...

हरियाणा में 15 दिन पहले अलग-अलग जिलों में लगाए गए मेडिकल कैंप में हुए मोतियाबिंद के ऑपरेशन से कई मरीजों की आंखों में इंफेक्शन हो गया है। भिवानी और कुरुक्षेत्र के सरकारी अस्पताल में मोतियाबिंद का ऑपरेशन कराने वाले 40 मरीजों को रोहतक पीजीआई में दाखिल कराया गया। यह ऑपरेशन होली से पहले किए गए थे। 22 मार्च से मरीजों की पट्टी खोलने का काम शुरू हुआ तो दिक्कत सामने आने लगी। बुधवार तक पीजीआई में 40 मरीज रेफर होकर पहुंच चुके हैं।इनमें दो मरीज कुरुक्षेत्र और एक झज्जर के अस्पताल से भेजा गया है। यह कैंप स्वास्थ्य विभाग की ओर से लगाए गए थे। नेत्र ज्योति बचाओ अभियान के तहत ये ऑपरेशन किए गए थे। इसमे ज्यादातर मरीज भिवानी, करनाल और झज्जर के रहने वाले बताए जा रहे हैं। आप्रेशन के बाद संक्रमण बढ़ने से पीड़ितों के आंखों में दर्द शुरू हुआ समस्या इतनी गंभीर की आंखों की रौशनी जाने का भी खतरा है।

यहाँ भी पढ़े-ऑक्सीजन सिलेंडर फटने से हुआ बड़ा हादसा 7लोगों की मौके पर मौत

इन केस को जांचने के लिए नेत्र विभाग से महिला कंसल्टेंट की ड्यूटी लगाई गई है। कई मरीजों का दोबारा ऑपरेशन किया जा चुका है, पर हालात काबू में नहीं आ पाए हैं। पीजीआई के डॉक्टर मरीजों के बारे में जानकारी छिपाने में लगे हैं। वार्ड के बाहर गार्ड तैनात कर डॉक्टरों के अलावा किसी को प्रवेश नहीं करने दिया जा रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि इंफेक्शन के केस में 15 दिन तक मरीज की हालत स्थिर होने में लगते हैं, ऐसे में अभी से कुछ कहना जल्दबाजी होगी। 23 मरीजों की हालत ज्यादा गंभीर है।

Related News

Leave a Reply